नर्मदाजी के किनारे उमरधा के निकट पासी घाट में श्रीराम ने एक रात्रि विश्राम व स्नान किया था। निकट ही नर्मदा व दूधी नदी का पवित्र संगम है। वा.रा. 3/6 पूरा अध्याय, मानस 3/8/3 से 3/9 दोहा तक।
Month: February 2020
नर्मदा नदी के किनारे मगरमुहा के पास राम घाट है। लोकमान्यता के अनुसार श्रीराम ने यहाँ से नर्मदा नदी पार की थी। वा.रा. 3/6 पूरा अध्याय, मानस 3/8/3 से 3/9 दोहा तक।
कटनी जबलपुर मार्ग पर कटनी से 60 कि.मी. दूर भरभरा गाँव के निकट श्रीराम ने शिव पूजा की थी। यहाँ खनन में गणेश जी, शिवजी, शिवलिंग जलहरी सहित मिले हैं। यह स्थान शिल्परा नदी के किनारे है। वा.रा. 3/6 पूरा अध्याय, मानस 3/8/3 से 3/9 दोहा तक।
एक जनश्रुति के अनुसार मैहर के जंगल में एक प्राचीन शिव मंदिर था। यहाँ श्री राम ने पूजा की थी। एक प्राचीन मंदिर मैहर के निकट ही है मैहर में श्रीराम सखेन्द्र दास जी द्वारा स्थापित श्रीराम मंदिर है। वा.रा. 3/6 पूरा अध्याय, मानस 3/8/3 से 3/9 दोहा तक।
पन्ना जिला में सलेहा से 9 कि.मी. दूर पटना गाँव के पास पहाड़ पर सिद्ध बाबा आश्रम, अगस्त्य आश्रम माना जाता है। पटना से 4 कि.मी. पैदल कच्चा मार्ग है तथा यहाँ पहुँचने के लिए 2 नदियाँ गलको तथा तीहरी पार करनी पड़ती हैं। नदियों पर पुल नहीं है। वा.रा. 3/6 पूरा अध्याय, मानस 3/8/3 …




