आगरा से करीब एक घंटे की सड़क यात्रा करने के बाद यमुना के किनारे भगवान श्री कृष्ण का जन्म स्थल मथुरा स्थित है। इस पूरे क्षेत्र में भव्य मंदिर निर्मित हैं जो श्री कृष्ण के जीवन के विभिन्न पहलुओं को दर्शाते हैं। मथुरा और वृंदावन के जुड़वा शहर, जहां श्री कृष्ण का जन्म और लालन पालन हुआ, …
बहू बेगम का मकबरा नवाब शूजा-उद-दौला ने अपनी पत्नी उन्मातुज जोहरा बानो की याद में बनवाया था। यह मुगल स्थापत्य कला का सर्वश्रेष्ठ उदाहरण है। पूरे परिसर में चारो ओर हरियाली फैली हुई है। यह परिसर अब भारतीय पुरातत्व विभाग के अधीन है और शिया बोर्ड समिति द्वारा इसका प्रबंधन देखा जाता है। मुहर्रम के समय इसकी भव्यता …
भगवान राम तथा देवी सीता को समर्पित यह मंदिर नव निर्मित है| अयोध्या फैजाबाद मार्ग पर स्थित यह मंदिर अयोध्या बस स्टॉप के सामने है|
राम की पैड़ी सरयू नदी के किनारे स्थित घाटों की एक श्रंखला है| पूर्णिमा के दिन इस स्थान की सुन्दरता देखते बनती है| श्रधालुओं में ऐसी मान्यता है कि यहाँ स्नान करने से पाप धुल जाते हैं |
इस मंदिर का विवरण रामायण महाकाव्य के विविध प्रसंगों में पाया जाता है| ऐसी मान्यता है की माता सीता अपने साथ देवी गिरिजा देवी की एक सुन्दर मूर्ति लेकर अयोध्या आई थी| महाराज दशरथ ने एक भव्य मंदिर का निर्माण कराकर उसमे उसी प्रतिमा की स्थापना करायी थी, माता सीता देवी की प्रतिदिन पूजा अर्चना …




