भारतवर्ष में श्रीराम / ShriRam in Bharatvarsh

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सरजू जी गाजीपुर उत्तर प्रदेश
बृहस्पति कुुण्ड देव गुरु बृहस्पति ने यहाँ यज्ञ किये तथा आश्रम की स्थापना की थी। बाद में आश्रम में ऋषियों
यहां सुग्रीव जी ने स्नान किया था। लंका से अयोध्या जी आते समय श्रीराम अपने मित्रोें व सेनापतियों सहित अयोध्या
नासिक गोदावरी के किनारे पाँच वट वृक्षों का स्थान है। लोक विश्वास के अनुसार यहीं से रावण ने सीता माँ
रामतीर्थ अथणी तालुका में रामतीर्थ गाँव में रामजी से पूजा करवाने शिव सपरिवार यहाँ पधारेे थे। श्रीराम के आग्रह पर
माना जाता है कि वामनावतार लेने से पूर्व भगवान विष्णु जी ने यहां भगवान शिव की पूजा की थी। यहां भगवान
नवास क्रम में सोनभद्र तथा महानदी के पवित्र संगम पर श्रीराम ने दशरथ जी का श्राद्ध किया था। अब भी
श्रीराम ने यहाँ नदियों के किनारे लम्बी यात्रा की थी तथा ऋषियों के आश्रम भी प्रायः नदियों के किनारे ही
रायपुर से 49 कि.मी. पूर्व दिशा में आरंग में एक प्राचीन शिव मंदिर है। महानदी के किनारे स्थित इस मंदिर