Hindi Ki Bindi

सीता लेखनी

कई स्थलों पर प्रकृति के रहस्यों को मां सीता से संबंधित माना जाता है। यहां पाषाणों पर मां सीता द्वारा की गयी चित्रकारी के दर्शन व पूजन के लिए गहरे जंगलों में आज भी वनवासी दूर-दूर से आते हैं। चित्रकारी में राम, लक्ष्मण, सीता के चित्र मिलते हैं।

लक्षमण पंजा उड़गी

वनवास काल में श्रीराम सरगुजा के जंगलों में लम्बी अवधि तक रहे हैं। उनकी यात्रा की स्मृति में अन्य अवशेषों के साथ लक्ष्मण पंजा भी मिलता है। अर्थात् यहां लक्ष्मण जी के पावन चरण चिह्न हैं। दूर-दूर से वनवासी उनकी पूजा करने आते हैं। श्री रामचरित मानस के अनुसार श्रीसीता राम जी सुतीक्षण मुनि आश्रम …

श्रीराम मंदिर विश्रामपुर

राम मंदिर अम्बिकापुर का प्राचीन नाम विश्रामपुर रहा है। माना जाता है कि श्री सीताराम जी यहाँ वर्षों रहे हैं। पूरे क्षेत्र में श्रीराम वनवास की अनेक लोक कथाएँ इस क्षेत्र से संबंधित मिलती हैं। श्री रामचरित मानस के अनुसार श्रीसीता राम जी सुतीक्षण मुनि आश्रम से सीधे अगस्त्य मुनि के आश्रम (अगस्त्येश्वर मंदिर) गये। अतः …

सीतामढ़ी कनवाई अनूप पुर

सीतामढ़ी कनवाई जनकपुर से 50 कि.मी. दूर बरनी नदी के किनारे श्री सीता राम जी ने एक रात्रि यहाँ विश्राम किया था। यहीं देवांगनाएं उनके दर्शनार्थ आयीं थीं। यहाँ तीनों की पूजा होती है। श्री रामचरित मानस के अनुसार श्रीसीता राम जी सुतीक्षण मुनि आश्रम से सीधे अगस्त्य मुनि के आश्रम (अगस्त्येश्वर मंदिर) गये। अतः वहाँ …